इन यूजर्स के लिए भारत सरकार ने जारी की चेतावनी! तुरंत नहीं संभले तो हो सकता है डेटा लीक, जानिए पूरी जानकारी

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<p style="text-align: justify;"><strong>Microsoft Team:</strong> भारत सरकार ने Microsoft Teams इस्तेमाल करने वालों के लिए गंभीर सुरक्षा चेतावनी जारी की है. वीडियो मीटिंग और ऑफिस कम्युनिकेशन के लिए इस्तेमाल होने वाला यह प्लेटफॉर्म अब साइबर खतरे के दायरे में बताया गया है. सरकार की साइबर सुरक्षा एजेंसी ने साफ किया है कि इस ऐप में ऐसी कमजोरी पाई गई है जिसका फायदा उठाकर हमलावर यूजर्स की संवेदनशील जानकारी तक पहुंच सकते हैं.</p>
<h2 style="text-align: justify;">Indian Computer Emergency Response Team ने जारी की चेतावनी</h2>
<p style="text-align: justify;">भारतीय कंप्यूटर आपातकालीन प्रतिक्रिया दल (CERT-In) ने इस खामी को हाई सीवियरिटी श्रेणी में रखा है. एजेंसी के अनुसार यह समस्या प्लेटफॉर्म में इम्प्रॉपर एक्सेस कंट्रोल की वजह से पैदा हुई है. इसका मतलब है कि यदि सिस्टम सही तरीके से सुरक्षित या कॉन्फ़िगर नहीं किया गया, तो कोई बाहरी व्यक्ति नेटवर्क के जरिए गोपनीय डेटा हासिल कर सकता है.</p>
<p style="text-align: justify;">चेतावनी में यह भी कहा गया है कि गलत सेटिंग या कमजोर सुरक्षा के कारण मीटिंग्स, चैट्स और शेयर की गई फाइल्स तक अनधिकृत पहुंच का खतरा बढ़ सकता है.</p>
<h2 style="text-align: justify;">सभी वर्जन हो सकते हैं प्रभावित</h2>
<p style="text-align: justify;">एजेंसी ने संकेत दिया है कि Microsoft Teams के अलग-अलग वर्जन और प्लेटफॉर्म चाहे वह कंप्यूटर हो या मोबाइल इस जोखिम से अछूते नहीं हैं. ऐसे में सबसे जरूरी कदम है कि यूजर्स तुरंत माइक्रोसॉफ्ट द्वारा जारी किए गए नवीनतम सिक्योरिटी पैच को इंस्टॉल करें. अपडेट के जरिए इन कमजोरियों को काफी हद तक दूर किया जा सकता है.</p>
<h2 style="text-align: justify;">बढ़ते साइबर हमलों के बीच नई सुरक्षा व्यवस्था</h2>
<p style="text-align: justify;">हाल के समय में यह प्लेटफॉर्म साइबर अपराधियों के निशाने पर रहा है. कई मामलों में संदिग्ध लिंक या फाइल भेजकर यूजर्स को फंसाने की कोशिश की गई. इसे देखते हुए कंपनी ने कुछ अतिरिक्त सुरक्षा फीचर लागू किए हैं.</p>
<p style="text-align: justify;">इनमें खतरनाक फाइल टाइप की पहचान, संदिग्ध URL की जांच और गलत अलर्ट की रिपोर्टिंग का विकल्प शामिल है. यदि ये सुरक्षा विकल्प सक्रिय हैं तो यूजर्स को किसी भी संदिग्ध लिंक या फाइल के साथ स्पष्ट चेतावनी दिखाई देगी और संभावित रूप से हानिकारक कंटेंट को ब्लॉक भी किया जा सकेगा.</p>
<h2 style="text-align: justify;">Microsoft 365 यूजर्स को भी दी गई जानकारी</h2>
<p style="text-align: justify;">कंपनी ने अपने Microsoft 365 ग्राहकों को भी इन डिफॉल्ट बदलावों की सूचना दी है. अब मीटिंग ऐप इस्तेमाल करने वाले सभी यूजर्स के लिए ये सुरक्षा उपाय लागू किए जा रहे हैं. सरकार और कंपनी दोनों का जोर इस बात पर है कि यूजर्स सतर्क रहें समय पर अपडेट इंस्टॉल करें और किसी भी अनजान लिंक या फाइल पर क्लिक करने से पहले सावधानी बरतें. डिजिटल सुरक्षा के इस दौर में छोटी सी लापरवाही भी बड़ा नुकसान कर सकती है.</p>
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